मानव शरीर प्रभु की भक्ति कर जीवात्मा के कल्याण के लिए - पंकज महाराज
•📅 20 अक्टूबर 2026 | सुबह 4:18 बजे
⏱️ 2 मिनट पठन👁 0 व्यूज

चुनार/दैनिक मान्यवर। परमात्मा ने हाड़ मास का शरीर ईश्वर ने सिर्फ इसलिए दिया है ताकि मनुष्य प्रभु की भक्ति करके अपने जीवात्मा का कल्याण कर ले। यह बातें सदाचार से युक्त तथा नशा से मुक्त एक अच्छे समाज के निर्माण के लिए जय गुरुदेव धर्म प्रचारक संस्था के अध्यक्ष पंकज महाराज ने माधव मंदिर इंटर कालेज पुरुषोत्तमपुर में सोमवार को अपने 60वें जन जागरण यात्रा के दौरान कहा। उन्होंने कहा कि "हाड़ जलै जस लाकड़ी, केस जलै जस घास। कंचन जैसी काया जल गई, कोई न आवे पास’’। यहां की कोई चीज जीवात्मा को अधोगति में जाने से बचा नहीं सकती है। अभी वक्त है, सच्चे महात्मा की खोज कर अपनी जीवात्मा के कल्याण के लिये उनसे प्रार्थना, विनती करने का। उन्होंने आगे कहा कि संसार में तीन प्रकार के गुरु होते हैं पहला माता-पिता, दूसरा भौतिक विद्या का ज्ञान कराने वाले और तीसरा ‘सूरत शब्द’ का भेद बताने वाले। आध्यात्मिक गुरु के बिना कोई उस प्रभु को प्राप्त नहीं कर सकता है।
इस अवसर पर धनन्जय जी जिला प्रचारक आर.एस.एस., खण्ड संघ चालक रामशकल सिंह, जिलाध्यक्ष घूरन प्रसाद, संगठन मंत्री व प्रवक्ता मोती लाल सिंह, भगवानदास, पी.के. सिंह, भानू प्रताप सिंह, प्रदीप कुमार सिंह, कृष्ण कुमार सिंह, विद्यालय के प्रधानाचार्य सुभाष सिंह, मनोज सिंह, पंकज कुमार सिंह, शंकर सिंह, जयसिंह एवं सहयोगी संगत फर्रुखाबाद के देवेन्द्र प्रताप यादव (फर्रुखाबाद) तथा आयोजक इण्टर कालेज के प्रबन्धक ओम प्रकाश सिंह, हरशूपति सिंह, दिलीप सिंह, संदीप कुमार सिंह मौजूद रहे।
🏷️ संबंधित टैग्स:#मिर्ज़ापुर


